Home / Rajasthan / प्रदेश में कोरोना की दस्तक, चिकित्सा महकमे में हडक़म्प

प्रदेश में कोरोना की दस्तक, चिकित्सा महकमे में हडक़म्प

प्रदेश तथा पड़ोसी राज्य उत्तरप्रदेश के आगरा में कोरोना संदिग्ध की दस्तक के बाद धौलपुर में भी चिकित्सा प्रशासन में हडक़म्प मच गया है।

प्रदेश में कोरोना की दस्तक, चिकित्सा महकमे में हडक़म्प
जिला चिकित्सालय में तैयार किया दस बैड का आइसोलेशन वार्ड
धौलपुर. प्रदेश तथा पड़ोसी राज्य उत्तरप्रदेश के आगरा में कोरोना संदिग्ध की दस्तक के बाद धौलपुर में भी चिकित्सा प्रशासन में हडक़म्प मच गया है। कोरोना के प्रति राज्य सरकार की गंभीरता को देखते हुए जिला कलक्टर ने जहां बुधवार को स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों की बैठक ली, वहीं दूसरे दिन गुरुवार को जिला चिकित्सालय प्रशासन ने भी कोरोना के संदिग्धों के लिए पुराना जनाना अस्पताल में आनन-फानन में दो वार्ड तैयार किए गए हैं। इसमें से संदिग्ध मरीजों को क्वारेंटाइन वार्ड तथा पीडि़तों के लिए आइसोलेशन वार्ड तैयार किया गया है। दोनों वार्डों में दस-दस बैड की व्यवस्था की गई है।
रेपिड रेस्पांस टीम का गठन
जिला चिकित्सालय में रेपिड रेस्पांस टीम का भी गठन किया गया है। इसमें तीन चिकित्सकों को लगाया गया है। इनमें डॉ. भूपेन्द्र सैनी, डॉ. आरपी त्यागी तथा डॉ. दीपक जिंदल शामिल हैं। साथ ही नर्सिंग स्टाफ को भी लगाया गया है।
पीपीई किट उपलब्ध
जिला चिकित्सालय में पीपीई किट भी मौजूद है। जिसे संदिग्धों व पीडि़तों का इलाज करने के दौरान चिकित्सा टीम को पहनाया जाएगा। साथ ही नर्सिंग स्टाफ के अलावा प्रयोगशाला सहायकों को भी यह किट पहनाई जाएगी। जिससे चिकित्साकर्मियों को संक्रमण नहीं फैले। हालांकि जिला चिकित्सालय में जांच करने की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में संदिग्ध मरीजों को यहां पर स्वाब का नमूना लिया जाएगा।
होटल व गेस्ट हाउस संचालक पाबंद
जिला कलक्टर राकेश कुमार जायसवाल ने जिले के सभी होटल व गेस्ट हाउस संचालकों को भी पाबंद किया है। कहा कि विदेशों से आने वाले पर्यटकों की सूचना अविलंब चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग को दें। होटल कर्मचारियों को भी सावधानी बतरते हुए बार बार हैंड सेनेटाइजर से हाथ धोने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि कोरोना रोग से घबराने की आवश्यकता नहीं है। कुछ सावधानियां बरत कर इससे बचा जा सकता है।
यह है कोरोना के लक्षण
यह विषाणु जनित रोग है। कोरोना वायरस संक्रमण प्रभावित व्यक्ति के खांसने, छींकने अथवा संक्रमित व्यक्ति के नजदीक संपर्क में रहने से फैलता है। यदि कोई व्यक्ति चीन या वायरस पीडि़त अन्य देश से आया है अथवा कोरोना वायरस से संक्रमित के सम्पर्क में है अथवा किसी व्यक्ति को बुखार, जुकाम, खांसी गले में खराश, गंभीर मामलों में सांस लेने में तकलीफ या निमोनिया हो तो तुरंत चिकित्सक से संपर्क करें। वृद्ध, बच्चों व कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता वाले व्यक्तियों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
ऐसे करें बचाव
सीएमएचओ ने बताया कि जो लोग चीन अथवा अन्य देशों से आए हों। उनका 15 दिवस तक ध्यान रखना तथा ऐसे लक्षण दिखाई दे तो तुरंत चिकित्सक से सलाह लेनी चाहिए। रोगी व उसके आसपास रहने वाले लोगों को अच्छी गुणवत्ता का मास्क प्रयोग में लाना चाहिए। साबुन से हाथ धोना, खांसते, छींकते समय रुमाल या टिश्यू पेपर का प्रयोग करना चाहिए। किसी भी नागरिक को किसी भी प्रकार की शंका होने पर नजदीकी स्वास्थ्य केन्द्र पर तुरंत चिकित्सक से सलाह लेनी चाहिए।
इनका कहना है
जिला प्रशासन के निर्देश पर चिकित्सालय में कोरोना संदिग्ध व पीडि़तों के लिए अलग-अलग वार्ड बना दिए हैं। पीपीई किट मौजूद हैं। तीन चिकित्सकों का दल गठित किया गया है।
डॉ. समरवीर सिंह, पीएमओ, राजकीय सामान्य चिकित्सालय, धौलपुर।

About admin

Check Also

राजस्थान के सबसे खतरनाक जिले में अब ‘महा कर्फ्यू’ की तैयारी, सीएम गहलोत खुद ले रहे फीडबैक

भीलवाड़ा। राजस्थान का भीलवाड़ा पूरे देश में कोरोनावायरस ( Maha Curfew In Bhilwara ) के …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »